बायोगैस का निर्माण कैसे होता है कैसे इसका फायदा होता है

आज जैसे जैसे युग बदल रहा है वैसे वैसे हमे अपने जरूरत के हिसाब से बदलना सही होगा हमे नेचुरल gas की तरफ जाना होगा और आज मैं आपको बताऊंगा की बायोगैस का निर्माण कैसे होता है और कौन कौन सी गैस का प्रयोग किया जाता है

बायोगैस क्या होता है (biogas) बायोगैस कई कई गैसे मिली होता है मीथेन और कार्बनडाईआकसाइड हाईट्रोजन और हाईट्रोजन sulfide इन सभी गैस का मिक्स होता है इन सभी गैस का निर्माण पौधों और पशुओ के जैव अपशिष्टो के आक्सीजन रहित जब मिक्सर होता है तब इस गैस का निर्माण होता है और बायो गैस मैं बचे हुए अवशेषों को खाद के रूप मैं किया जाता है

आपको बता दे बायो गैस ही एक ऐसा गैस है जिससे भोजन पकाने का साफ़ सुथरा और सबसे अच्छा माध्यम है बायो गैस का इस्तेमाल हम बहुत सारे उपयोग के लिए कर सकते है जैसे रौशनी के लिए , छोटे मोटरे चलाने के लिए , पानी को उपर उठाने के लिए और छोटे यापार के लिए शक्ति प्रधान करते है

बायोगैस उत्पादन मैं विश्व्यापी रूचि अब बन रही है और भारत बायोगैस उत्पादन का रूप ले चूका है

बायोगैस का निर्माण कैसे होता है

दो प्रकार के बायोगैस सयत्र होता है

1.  तैरते टैंक वाले गैस संयत्र (floating gas holder) इस प्रकार के सयत्र मैं एक सही आकर का टैंक टिक जमीन के अंदर लगाया जाता है जो समान्य तौर पर ईटो का बना होता है टैक मैं गोबर का मिक्सर के उपर एक उल्टा कर के स्टील ड्रम तैरता रहता है जो बायोगैस को रोकता है

बायोगैस का निर्माण कैसे होता है कैसे इसका फायदा होता है

2. स्थिर गुब्द का आकार का सयत्र (fixed dome shape) इसमें हम स्टील गैस पकड़ यत्र की जगह हम सीमेट और ईटो का बना हुआ एक गुबद होता है

बायोगैस का निर्माण कैसे होता है कैसे इसका फायदा होता है

निष्कर्ष – ये छोटा सा बायोगैस के उपर लिखा है ताकि बायोगैस की उपयोगिता के बारे मैं आप सब को पता चल सके की इसका कितना फायदा होता है बस थोड़ी सी मेहनत लगती है इसको बनाने मैं और इसका उपयोग करने मैं

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *